अनंग रांग एक प्राचीन संस्कृत ग्रंथ है जो भारतीय कामुक साहित्य की एक महत्वपूर्ण कृति मानी जाती है। यह ग्रंथ राजा कोककोका द्वारा 15वीं शताब्दी में लिखा गया था। अनंग रांग का अर्थ है "प्रेम का रंग" या "काम का रंग", जो प्रेम और कामुकता के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डालता है।
2. मुख्य उद्देश्य: वैवाहिक सुख का संरक्षण ananga ranga in hindi pdf
भारतीय साहित्य में काम और प्रेम को विज्ञान की दृष्टि से समझाने वाले कई ग्रंथ लिखे गए हैं। वात्स्यायन का सबसे प्रसिद्ध है, लेकिन इसके बाद यदि कोई ग्रंथ सबसे अधिक चर्चित और व्यावहारिक है, तो वह है अनंग रंग (Ananga Ranga) । इस पुस्तक को 'कामसूत्र' का संक्षिप्त और अधिक परिष्कृत संस्करण भी कहा जाता है। ananga ranga in hindi pdf